शौचालय के नाम पर रिश्वतखोरी.. सागर लोकायुक्त ने छतरपुर की रिश्वतखोर मैडम पर शिकंजा कसा.. रोजगार सहायक से 5500 रु की रिश्वत लेते.. स्वच्छता मिशन की ब्लॉक कोऑर्डिनेटर नीलम तिवारी.. जनपद कार्यालय में पकड़ी गई..

 
 स्वच्छता मिशन की ब्लॉक कोऑर्डिनेटर गिरफ्तार-
छतरपुर/सागर। स्वच्छता अभियान तहत निर्मित होने वाले शौचालयों की व्यथा कथा किसी से छुपी नहीं है वही शौचालय की राशि के बंदरबांट को लेकर किस तरह से खींचातानी मची रहती है उसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि शौचालय की फोटो को सत्यापित कराके राशि खाते में ट्रांसफर करवाने के बदले में भी 500 रूपए प्रति फोटो नजराना पेश करना पड़ता है। ऐसे ही कुछ हालात के चलते स्वच्छता मिशन की ब्लॉक कोऑर्डिनेटर को 5500 रुपए की रिश्वत लेते हुए सागर लोकायुक्त की टीम ने रंगे हाथों पकड़ के हुए कार्यवाही किए जाने का घटनाक्रम सामने आया है।
शौचालय के नाम पर रिश्वतखोरी.. सागर लोकायुक्त ने छतरपुर की रिश्वतखोर मैडम पर शिकंजा कसा.. रोजगार सहायक से 5500 रु की रिश्वत लेते.. स्वच्छता मिशन की ब्लॉक कोऑर्डिनेटर नीलम तिवारी.. जनपद कार्यालय में पकड़ी गई..
मंगलवार को छतरपुर पहुंची सागर लोकायुक्त की टीम ने डीएसपी राजेश खेड़े  एवं निरीक्षक मंजूसिंह की टीम ने  जनपद पंचायत कार्यालय में दबिश देते हुए स्वच्छता अभियान की ब्लॉक समन्वयक नीलम तिवारी को 5500 रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया। दरअसल सरणी के रोजगार सहायक जितेंद्र सिंह ने सागर लोकायुक्त को शिकायत की थी कि गांव में बने 13 शौचालयों की फोटो सत्यापित करने के बदले में ब्लॉक कोऑर्डिनेटर नीलम तिवारी द्वारा 500 रूपए प्रति फोटो के हिसाब से 6500 रूपए की रिश्वत मांगी जा रही है

शौचालय के नाम पर रिश्वतखोरी.. सागर लोकायुक्त ने छतरपुर की रिश्वतखोर मैडम पर शिकंजा कसा.. रोजगार सहायक से 5500 रु की रिश्वत लेते.. स्वच्छता मिशन की ब्लॉक कोऑर्डिनेटर नीलम तिवारी.. जनपद कार्यालय में पकड़ी गई..
  जिसके बाद लोकायुक्त शिकायत की पुष्टि करते हुए अपना जाल फैलाया तथा मंगलवार को छतरपुर पहुंचकर 55 सो रुपए लेते हुए रिश्वतखोर मैडम को रंगे हाथों पकड़ने में देर नहीं की। इनके खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला पंजीबद्ध कर के लोकायुक्त जांच जारी है। वही जनपद कार्यालय में लोकायुक्त की दबिश मंगलवार को हड़कंप भरे हालात बने रहे।

From Around the web